स्टार्टअप या कॉर्पोरेट आप किसमें काम करना चाहेंगे

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जैसे जैसे हमारे देश की इकोनॉमी ग्रो कर रही है, हर शहर में स्टार्टअप्स (नई कम्पनियाँ) खुल रही हैं। जब हम एक स्टार्टअप की बात करते हैं तो हमारे ज़हन में इनोवेशन, टीमवर्क और पैशन की याद आती है। यह वाद-विवाद का विषय है कि जॉब सर्च कर रहे हैं व्यक्ति को नई कम्पनी के साथ काम करना चाहिए या फिर किसी बड़ी कम्पनी में काम करना चाहिए।

स्टार्टअप में क्यों काम करें

स्टार्टअप का अनुभव कॉर्पोरेट के अनुभव से कैसे अलग है

इस लेख में हम बात करेंगे कि स्टार्टअप में काम करने का अनुभव जीवन भर कैसे काम आता है –

1. टीमवर्क – मिलकर काम करने का अनुभव

इसमें कोई शक़ नहीं है कि कोई स्टार्टअप एक आदमी के दम पर खड़ा होता है। किसी आइडिया के पीछे पूरी एक टीम काम करती है। हम सभी मानते हैं कि किसी ऑर्गनाइज़ेशन में टीमवर्क की ज़रूरत होती है। लेकिन किसी जमी जमाई कम्पनी और नई कम्पनी में टीमवर्क कैसे अलग होता है? स्टार्टअप में टीम के साथ काम करना चुनौती भरा होता है। आप नई टीम के साथ ही काम करना होता है चाहे वो आपको पसंद करती हो या न करती हो। आपको टीम के साथ काम करते हुए बेस्ट रिज़ल्ट लाना होता है।

2. पैशन – कुछ कर दिखाने का जज़्बा

स्टार्टअप को आगे ले जाने के लिए पैशन (Passion) एक ईंधन की तरह काम करता है। जब आप किसी नई कम्पनी के साथ काम करते हैं तो यह सीखते हैं, जीवन में सफलता पाने के लिए पैशन होना कितना ज़रूरी है। बिना जज़्बे के काम और जीवन दोनों में सफलता मुश्किल है। नई कम्पनी में आने वाले उतार चढ़ाव आपको बहुत कुछ सिखाते हैं।

3. लीडरशिप – नेतृत्व की भावना

बड़े कॉर्पोरेट और स्टार्टअप दोनों में लीडरशिप (Leadership) की ज़रूरत पड़ती है, लेकिन बड़े कॉर्पोरेट की अपेक्षा स्टार्टअप में यह बिल्कुल ही अलग होती है। नई कम्पनी का लीडर आपको सिखाता है कि एक अच्छा लीडर कैसे टीम को एक करके रखता है और अपने उद्देश्य पूरे करना है।

4. जीवनभर की दोस्ती

किसी बड़े कॉर्पोरेट में काम करके आप पैसे तो कमा सकते हैं लेकिन स्टार्टअप में आप जीवन में पैसे से भी अधिक ज़रूरी चीज़ों का पा सकते हैं। अक्सर स्टार्टअप में काम करने वाले पसीना बहाते हैं और दिमाग़ खपाते हैं तो इस दौरान उन्हें नकुछ नए सच्चे दोस्त भी मिलते हैं। जो दोस्त एक साथ एक ही रास्ते पर आगे बढ़ना चाहते हैं वो कभी एक दूसरे से कॉम्पटीशन नहीं करते हैं।

5. उतार चढ़ाव

अगर आपके जीवन में मुश्किलें नहीं पड़ीं तो आपने कुछ सीखा भी नहीं है, लेकिन नई कम्पनी में काम करने पर आप बहुत कुछ सीख जाते हैं। स्टार्टअप में काम करने का अनुभव आपको जीवन में अच्छी सीख देता है जैसे – सफलता और असफलता, एकजुटता और अकेलापन, कड़ी मेहनत और जज़्बा।

6. मल्टीटास्किंग – एक साथ कई काम करना

नई कम्पनी में आपको एक नहीं कई काम करने पड़ते हैं, जिससे आपको मल्टीटास्किंग करनी आ जाती है। नई कम्पनी का फ़ाउंडर इंटरव्यू भी लेता है और सोशल मीडिया भी मैनेज करता है; एकाउंटेंट क्लाइंट मीटिंग के लिए जाता है और ऐसा बहुत कुछ। स्टार्टअप आपको सिखाता है कि कैसे आपको एक साथ बहुत से काम करने चाहिए और अपने आपको एक प्रोफ़ेशन साबित करना पड़ता है।

7. धैर्य और स्थिरता

किसी स्टार्टअप में धैर्य और स्थिरता का जितना महत्व है, उतना शायद ही किसी और बात का! जब आप एक नई कम्पनी में काम करना तय करते हैं तब आपको पता चलता है कि वो हर प्रोडक्ट और सर्विस के लिए लगातार कितना प्रयासरत रहते हैं। आप कड़ी मेहनत और स्मार्ट वर्क को किसी दूसरी चीज़ से कम्पेअर नहीं कर सकते हैं।

बड़े कॉर्पोरेट्स आपको इतना पैसा दे सकते हैं कि आपका बैंक बैलेंस बहुत अच्छा हो जाए लेकिन स्टार्टअप आपको ज़मीनी हक़ीक़त और ख़ुशियों का मोल बताता है।