फ़ीडबर्नर के अतिरिक्त अन्य न्यूज़लेटर सेवाएँ

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Feedburner Alternatives – Feedburner Set to Closedown – Rumour or Truth

सोशल मीडिया के गहरे दबदबे (Social media impact) के चलते पहले गूगल ने फ़ीडबर्नर का ट्विटर खाता बंद (Twitter feedburner account) करने का निर्णय आश्चर्यजनक रूप से सबको सुना दिया और फिर अक्टूबर में फ़ीडबर्नर की ए.पी.आइ. भी बंद (Feedburner API depreciated) कर दी। इतना ही काफ़ी नहीं था तो गूगल एक और झटका देते हुए दिसम्बर 3, 2012 से फ़ीडबर्नर पर ऐडसेंस भी न देने का निर्णय कर लिया (Adsense for feeds discontinued)। साथ ही फ़ीडबर्नर का एक जापानी डोमेन feedburner.jp भी अब समाप्त किया जा चुका है।

जैसा कि मैंने शुरुआत में कहा कि सोशल मीडिया के दबदबे (Social media impact) के चलते ये सब हुआ क्योंकि फेसबुक और ट्विटर (Facebook and twitter) के आगे कोई भी आर एस एस सर्विस (RSS Services) अपनी धमक नहीं जमा सकती है। आज फेसबुक और ट्विटर पर अधिक समय बिताने वालों के लिए रास्ते खुल गये हैं कि वो अपने पसंदीदा ब्लॉग को फेसबुक व ट्विटर पर फ़ॉलो (Follow on facebook and twitter) करके सभी नयी सूचनाएँ एवँ जानकारियाँ तुरंत प्राप्त कर सकते हैं। फ़ीड से हटकर फेसबुक या ट्विटर पर मिलने वाली नयी अपडेट पर टिप्पणी करके अपनी प्रतिक्रिया जता सकते हैं और यदि बहुत पसंद आ जाये तो उसे अपनी वाल पर शेअर करके उसका प्रसार कर सकते हैं।

Feedburner Alternative

गूगल लगभग अपनी सभी सर्विसेज पर ध्यान दे रहा है लेकिन ऐसा फ़ीडबर्नर के साथ नहीं है। गूगल ने बहुत पहले से ही गूगल रीडर स्टॉफ़ (Google Reader Staff) को दूसरे प्रोजेक्टों में लगा दिया है। फ़ीडबर्नर को गूगल ने लगभग 100 मिलियन डॉलर में ख़रीदा था, लेकिन तबसे इसमें कोई बड़ा प्रयोग नज़र नहीं आया है।

एक और बात है जिससे यह लगता है कि गूगल ने फ़ीडबर्नर पर ध्यान देना बंद कर दिया है अर्थात्‌ भविष्य में फ़ीडबर्नर को एक नोटिस देकर बंद किया जा सकता है। यह उनके लिए बहुत घातक हो सकता है जिनके ईमेल न्यूज़लेटर सब्सक्राइबर फीडबर्नर के द्वारा (Email Newsletter Subscription via Feedburner) बहुत अधिक हैं। हाँ तो मैं बात कर था कि कैसे लगता है कि फ़ीडबर्नर बंद हो सकता है इसका सबसे बड़ा सबूत है कि इस वर्ष आपने एक बात ज़रूर गौर की होगी गूगल की सभी प्रमुख सेवाओं को लेआउट बदला गया है और सभी को एक जैसे कॉमन स्वरूप में लाने की कोशिश की जा रही है लेकिन फ़ीडबर्नर आज भी जैसा ख़रीदा गया था वैसा ही है। हो सकता है गूगल प्लस को आगे रखकर देखा जा रहा हो (Future of Google Plus) और इस सोशल मीडिया का भविष्य निर्धारित किया जा रहा हो। वैसे भी गूगल आर्थर रैंक (Google Author Rank) के लिए इसका कितना योगदान होगा गूगल ने यह पहले से ही साफ़ कर दिया है।

Feedburner Alternatives

यह सब देखते हुए आपको फ़ीडबर्नर के बंद होने से पहले अपने पाठकों के लिए किसी नयी फ़ीड सेवा और न्यूज़लेटर सुविधा (Feeds and newsletter services) का चुनाव कर लेना होगा ताकि आपके ब्लॉगिंग व बिजनेस (Blogging and business) पर इसका गहरा प्रभाव न पड़े।

तो अब मैं आपको फ़ीडबर्नर के बदले कौन सी सेवा प्रयोग कर सकते है यह बता रहा हूँ। एक अफ़सोस यह है कि इनमें से कोई भी सुविधा पूरी तरह फ्री नहीं है लेकिन आपका काम चल जाएगा।

1. फ़ीडकैट (FeedCat) | http://www.feedcat.net/

एक मुफ़्त सेवा है जिसके द्वारा आप आर एस एस और ऑटम फ़ीड (RSS and Atom feeds) की सुविधा मिलती है। इसे प्रयोग करने पर आपको ब्लॉग पर एक बटन लगाना होता है जो कि आपके विजिटर और फ़ीड पब्लिशिंग के लिए सोशल मीडिया के अन्य विकल्प देता है। फ़ीडबर्नर की तरह ही आप इसमें सम्बंधित आँकड़े भी देख सकते हैं।

2. फीडिटी (Feedity) | http://feedity.com/

यह प्रयोग में लगभग गूगल फ़ीडबर्नर की तरह ही है जिसमें फ़ीड और ईमेल न्यूज़लेटर दोनों सुविधाएँ हैं। यह आपको साइट पर एक विजेट लगाकर आर एस एस फ़ीड पब्लिश करने की सुविधा देता है। आप प्रोग्रामिंग के थोड़े से ज्ञान से फ़ीड को अपने अनुरूप व्यवस्थित कर सकते हैं। इसके फ्री प्लान की अधिक जानकारी आप इसकी साइट पर जाकर ले सकते हैं।

3. मेल चिम्प (Mail Chimp) | http://mailchimp.com/

यह ईमेल न्यूज़लेटर प्रबंधित करने की फ्री सेवा देता है जिसके अंतर्गत आप 2000 सब्सक्राइबर ही रख सकते हैं और एक महीने में आप अपने सब्सक्राइबर्स को 12,000 ईमेल न्यूज़लेटर भेज सकते हैं। यह आर एस एस टू ईमेल गुण (RSS to Email feature) द्वारा ब्लॉग के न्यूज़लेटर पाठकों को भेजता है। यह सुविधा पूरी तरह से फ्री नहीं है इसके प्रो प्लान (Professional Plans) आप इसकी साइट पर जाकर देख सकते हैं।

4. IFTTT । https://ifttt.com/

यह फ्री है और इसमें फ़ीड प्रबंधित करने के कई विकल्प हैं। यह आपको कई चैनेलों, ट्रिगरों और रेसिपियों द्वारा अपनी सेवाएँ प्रदान करने की सेवा देता है।

5. नोरिश (Nourish) | http://www.nouri.sh/

यह आपको डिफ़ाल्ट फ़ीड द्वारा ईमेल न्यूज़लेटर बनाने की सुविधा देता है लेकिन इसकी सीमा 1000 ईमेल प्रति माह हैं। यदि आप कस्ट्म टेम्पलेट और असीमित कैम्पेन (Custom template and unlimited campaign) चाहते हैं तो आपको प्रति माह 29 डॉलर देने होंगे। नयी क़ीमतों के लिए इसकी साइट पर जायें।

6. रेवरिस्पांस (RevResponse) | http://www.revresponse.com/

आर एस एस टू फ़ीड सुविधा (RSS to Email feature) से आपके पाठकों को अपडेट की सुविधा देता है। यह मुफ़्त है। फ़ीडबर्नर से रेवरिस्पांस पर जाने लिए यह गाइड देखें –
http://www.revresponse.com/frustrated-feedburner-switch-to-revresponse-rss-to-email-tool

7. सब्सक्राइब 2 (Subscribe2) |

यह वर्डप्रेस (WordPress) के लिए है जो नयी पोस्ट प्रकाशित करने पर पाठकों को सूचित करने की सुविधा देता है।

8. सब्सक्राइब बाइ मेल (Subscribe by mail) | http://premium.wpmudev.org/project/subscribe-by-email/

यह भी वर्डप्रेस (WordPress) के लिए है जो नयी पोस्ट प्रकाशित करने पर पाठकों को सूचित करने की सुविधा देता है।

यदि आप पैसे देकर सब कुछ करना पसंद करें तो उपरोक्त में से मेलचिम्प (Mail Chimp) का ही चुनाव करें। लेकिन यदि आप इसी प्रकार अन्य बेहतर सेवा की तुलना करके अपने लिए कुछ विशेष चुनना चाहते हैं तो नीचे दी गयी लिस्ट आपके लिए है।

1. ऑबर (AWeber) | http://www.aweber.com/
2. फ़ीडब्लिट्ज़ (FeedBlitz) | http://www.feedblitz.com/
3. मैड मिमि (Mad Mimi) | https://madmimi.com/
4. रैपिडफ़ीडस्‌ (RapidFeeds) । http://www.rapidfeeds.com/
5. जेटपैक (JetPack) [वर्डप्रेस (WordPress)] | http://jetpack.me/

फ़ीडबर्नर के अतिरिक्त नये विकल्पों की खोज में काफी काम शुरु हो चुका है जिसके लिए यह गाइड आपकी बहुत सहायता कर सकती है।
http://www.blogaid.net/ultimate-feedburner-alternatives-guide-for-rss-and-email

यदि आप प्रीमियम सर्विसेज़ लेना चाह रहें हैं तो फ़ीडब्लिट्ज़ एक बहुत अच्छा विकल्प है। फ़ीडबर्नर से फ़ीडब्लिट्ज़ पर अपने सभी पाठक कैसे माइग्रेट करें (Feedburner to feedblitz migration) तो सहायता के लिए यह ई-पुस्तक डाउनलोड कर सकते हैं।
http://www.feedblitz.com/the-feedburner-migration-guide/

वैसे मैं स्वयं मेल चिम्प (Mail Chimp) प्रयोग करने की सोच रहा हूँ आपका क्या विचार है?